गंगटोक, 26 मार्च (भाषा) सिक्किम के मुख्यमंत्री प्रेम सिंह तमांग ने बुधवार को विधानसभा में वित्त वर्ष 2025-26 के लिए 16,196 करोड़ रुपये का बजट पेश किया। सिक्किम का अगले वित्त वर्ष का बजट युवाओं को सशक्त बनाने, किसानों के उत्थान, बुनियादी ढांचे में निवेश और वित्तीय अनुशासन सुनिश्चित करने पर केंद्रित है।
बजट में 11,028 करोड़ रुपये का राजस्व व्यय और 5,168 करोड़ रुपये का पूंजीगत परिव्यय शामिल है।
तमांग ने कहा कि केंद्र से करों का हस्तांतरण 5,519 करोड़ रुपये रहने का अनुमान है, जो राज्य सरकार की प्राप्तियों का एक प्रमुख स्रोत है। साथ ही 2,600 करोड़ रुपये केंद्र सरकार सिक्किम को 2025-26 में अनुदान और सहायता के रूप में प्रदान करेगी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार 2,076 करोड़ रुपये का अपना कर राजस्व और 1,007 करोड़ रुपये का गैर-कर राजस्व जुटाएगी।
उन्होंने कहा कि 2,651 करोड़ रुपये कर्ज के माध्यम से जुटाए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमालयी राज्य के विकास को अधिकतम करने के लक्ष्य के साथ केंद्र प्रायोजित योजनाओं में राज्य सरकार के योगदान को अगले वित्त वर्ष के बजट में 2,896 करोड़ रुपये करने का प्रस्ताव किया गया है। चालू विधानसभा सत्र के दूसरे दिन अपना लगातार सातवां बजट पेश करते हुए तमांग ने कहा कि बजट सतत विकास और सिक्किम के लोगों के कल्याण के लिए राजकोषीय विवेक के प्रति एसकेएम सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
उन्होंने कहा, ‘‘मैंने 2019 में सिक्किम की सत्ता संभालने के बाद से हमारी सरकार का लगातार 7वां वार्षिक बजट पेश किया है। बजट सतत विकास और हमारे लोगों के कल्याण के लिए राजकोषीय विवेक के प्रति हमारी सरकार की प्रतिबद्धता को बताता है।’’
तमांग ने कहा कि इस बजट का उद्देश्य सिक्किम की अर्थव्यवस्था को मजबूत करना, समावेशी विकास को बढ़ावा देना और यह सुनिश्चित करना है कि विकास का लाभ सभी नागरिकों तक पहुंचे।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि उनकी सरकार का ध्यान युवाओं को सशक्त बनाने, किसानों के उत्थान, बुनियादी ढांचे में निवेश और वित्तीय अनुशासन सुनिश्चित करने पर है।
भाषा अजय अजय रमण
रमण