(सागर कुलकर्णी)
(तस्वीरों के साथ)
बैंकाक, तीन अप्रैल (भाषा) भारत उत्तरी गुजरात के देवनी मोरी में मिले बुद्ध के अवशेषों को प्रदर्शनी के लिए जल्द ही थाईलैंड भेजेगा।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने यहां गवर्नमेंट हाउस में थाईलैंड की प्रधानमंत्री पैतोंगतार्न शिनावात्रा के साथ द्विपक्षीय वार्ता के बाद यह घोषणा की।
मोदी ने पैतोंगतार्न से पाली भाषा में बौद्ध धर्मग्रंथों के प्रतिष्ठित संग्रह तिपिटक के 108 खंडों की एक प्रति प्राप्त करने के बाद कहा, ‘‘मुझे यह घोषणा करते हुए अत्यंत प्रसन्नता हो रही है कि 1960 में गुजरात के अरावली क्षेत्र में पाए गए पवित्र अवशेषों को भी प्रदर्शनी के लिए थाईलैंड भेजा जाएगा।’’
मोदी ने कहा कि पिछले वर्ष भगवान बुद्ध के पवित्र अवशेष भारत से थाईलैंड भेजे गए थे। उन्होंने कहा, ‘‘यह बहुत खुशी की बात है कि 40 लाख से अधिक श्रद्धालुओं को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करने का अवसर मिला।’’
देवनी मोरी के अवशेष 1960 में ‘भोज राजा नो टेरक्रो’ या राजा भोज के प्रांगण के नाम से जाने जाने वाले टीले पर खुदाई के दौरान मिले थे।
खुदाई से पता चला कि यह एक महास्तूप का स्थान था। यह एक बड़ा स्तूप जो आस-पास के खेतों में दबे मठों या विहारों से घिरा हुआ था। यह स्तूप 37 फुट ऊंचा था।
भाषा
राजकुमार नेत्रपाल
नेत्रपाल