सियोल, चार अप्रैल (एपी) दक्षिण कोरिया के संवैधानिक न्यायालय ने महाभियोग की कार्रवाई के दायरे में लाए गए राष्ट्रपति यून सुक येओल को शुक्रवार को पद से हटाने का फैसला सुनाया।
येओल पर यह कार्रवाई इसलिए की गई है क्योंकि चार माह पहले उन्होंने देश में ‘मार्शल लॉ’ की घोषणा करके और संसद में सेना भेजकर देश की राजनीति में तूफान ला दिया था।
दक्षिण कोरिया को अब नया राष्ट्रपति चुनने के लिए दो माह के भीतर चुनाव कराना होगा। सर्वेक्षणों से पता चलता है कि मुख्य विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी के नेता ली जे-म्यांग अगले राष्ट्रपति बन सकते हैं। न्यायालय का फैसला आने के बाद पुराने शाही महल के पास यून के विरोध में रैली कर रहे लोग खुशी से नाचने लगे।
यून द्वारा मार्शल लॉ की घोषणा और उसके बाद उन पर महाभियोग ने देश की राजनीति में उथल-पुथल पैदा कर दी थी। लोग राष्ट्रपति के फैसले से सकते में थे और इस फैसले के खिलाफ सड़कों पर उतर आए थे।
एपी शोभना खारी
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