मेडिसन (अमेरिका), दो अप्रैल (एपी) विस्कॉन्सिन सुप्रीम कोर्ट के लिए डेमोक्रेटिक पार्टी समर्थित उम्मीदवार सुसन क्रॉफोर्ड ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एवं अरबपति एलन मस्क द्वारा समर्थित उम्मीदवार को हरा कर इस सीट से जीत दर्ज की है।
क्रॉफोर्ड की इस जीत से कम से कम तीन वर्षों के लिए डेमोक्रेटिक पार्टी की स्थिति को मजबूती मिलेगी।
डेन काउंटी की न्यायाधीश सुसन क्रॉफोर्ड ने रिपब्लिकन पार्टी समर्थित ब्रैड शिमेल को हराया। यह विस्कॉन्सिन सुप्रीम कोर्ट का अब तक का सबसे अधिक मतदान वाला चुनाव था। क्राफोर्ड ने यूनियन की ताकत और गर्भपात के अधिकारों की रक्षा के लिए तथा मतदाता पहचान पत्र के विरोध संबंधी कानूनी लड़ाई का नेतृत्व किया था।
ट्रंप, मस्क और रिपब्लिकन पार्टी के अन्य नेता राज्य के पूर्व अटॉर्नी जनरल शिमेल के समर्थन में थे। पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा और अरबपति मेगाडोनर जॉर्ज सोरोस सहित डेमोक्रेटिक पार्टी के नेताओं ने क्रॉफोर्ड का समर्थन किया।
नवंबर के बाद से देश में हुए पहले बड़े चुनाव को अग्निपरीक्षा के रूप में देखा जा रहा था कि मतदाता ट्रंप के कार्यालय में वापस आने के शुरुआती महीनों और मस्क की भूमिका के बारे में क्या महसूस करते हैं, जिनके सरकारी दक्षता विभाग ने संघीय एजेंसियों को तहस-नहस कर दिया है और हजारों श्रमिकों को नौकरी से निकाल दिया है।
मस्क ने रविवार को विस्कॉन्सिन की यात्रा की और शिमेल के लिए एक प्रस्ताव रखा तथा मतदाताओं को व्यक्तिगत रूप से 10 लाख अमेरीकी डॉलर के चेक सौंपे।
क्रॉफोर्ड को ‘प्लांड पैरेंटहुड’ और गर्भपात के अधिकार के अन्य समर्थकों का समर्थन मिला और ऐसे विज्ञापन दिए गए जिनमें प्रक्रिया के प्रति शिमेल के विरोध को उजागर किया गया। उन्होंने मस्क और रिपब्लिकन पार्टी के साथ शिमेल के संबंधों के लिए भी उन पर हमला किया और एक बहस के दौरान मस्क को ‘‘एलन शिमेल’’ कहकर संबोधित किया।
‘प्लान्ड पैरेंटहुड’ एक ऐसा संगठन है जो यौन स्वास्थ्य और प्रजनन स्वास्थ्य से संबंधित जानकारी और सेवाएं प्रदान करता है। यह परिवार नियोजन और जन्म नियंत्रण को भी बढ़ावा देते हैं।
शिमेल के अभियान ने क्रॉफोर्ड को अपराध के मामले में कमजोर और डेमोक्रेटिक पार्टी की कठपुतली के रूप में चित्रित करने का प्रयास किया।
क्रॉफोर्ड ने तीन के मुकाबले चार से जीत दर्ज की जिससे सुप्रीम कोर्ट में डेमोक्रेटिक पार्टी का बहुमत बना रहेगा, जैसा कि 2023 से होता आ रहा है। अप्रैल 2028 तक डेमोक्रेटिक पार्टी समर्थित उम्मीदवार सुप्रीम कोर्ट पर अपनी पकड़ बनाए रखेंगे।
एपी सुरभि मनीषा
मनीषा