दीर अल-बलाह, दो अप्रैल (एपी) गाजा पट्टी में ‘बड़े क्षेत्रों’ पर कब्जा करने के लिए इजराइल वहां अपने सैन्य अभियान का विस्तार कर रहा है। रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज ने बुधवार को यह जानकारी दी।
इस बीच, गाजा पट्टी में अधिकारियों ने बताया कि इजराइल की ओर से मंगलवार को पूरी रात और बुधवार तड़के किए गए हवाई हमलों में कम से कम 43 फलस्तीनी मारे गए, जिनमें लगभग एक दर्जन बच्चे शामिल हैं।
काट्ज ने बुधवार को एक लिखित बयान में कहा कि इजराइल ‘‘उग्रवादियों और उग्रवाद के बुनियादी ढांचे को कुचलने’’ तथा ‘‘फलस्तीनी क्षेत्र के बड़े हिस्से पर कब्जा करके उन्हें इजराइल के सुरक्षा क्षेत्रों से जोड़ने’’ के लिए गाजा पट्टी में अपने सैन्य अभियान का विस्तार कर रहा है।
इजराइल सरकार ने फलस्तीनी क्षेत्र से लगी सीमा पर अपनी सुरक्षा बाड़ के उस पार गाजा में लंबे समय से एक ‘बफर जोन’ बनाए रखा है और 2023 में हमास के साथ युद्ध शुरू होने के बाद से उसने इसका बड़े पैमाने पर विस्तार किया है।
इजराइल का कहना है कि ‘बफर जोन’ उसकी सुरक्षा के लिए जरूरी है, जबकि फलस्तीनी इसे भूमि हड़पने की कवायद मानते हैं, जिससे पहले ही छोटे तटीय क्षेत्र (गाजा पट्टी) का दायरा और सिकुड़ जाता है। गाजा पट्टी की आबादी लगभग 20 लाख है।
काट्ज ने बयान में यह स्पष्ट नहीं किया कि सैन्य अभियान के विस्तार के दौरान गाजा के किन क्षेत्रों पर कब्जा किया जाएगा। उनका यह बयान तब आया, जब इजराइल ने दक्षिणी शहर राफा और आस-पास के इलाकों को पूरी तरह से खाली करने का आदेश दिया।
प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है कि इजराइल का लक्ष्य हमास को कुचलने के अपने लक्ष्य को हासिल करने के बाद गाजा पट्टी पर खुला, लेकिन अनिर्दिष्ट सुरक्षा नियंत्रण बनाए रखना है।
काट्ज ने गाजा पट्टी के निवासियों से ‘‘हमास को खदेड़ने और सभी बंधकों को रिहा करने’’ का आह्वान किया। उन्होंने कहा, ‘‘युद्ध समाप्त करने का यही एकमात्र तरीका है।’’
खबरों के मुताबिक, इजराइल के 59 बंधक अभी भी हमास के कब्जे में हैं, जिनमें से 24 के जीवित होने का अनुमान है। चरमपंथी समूह युद्धविराम समझौते और अन्य समझौतों के तहत कई इजराइली बंधकों को रिहा भी कर चुका है।
इस बीच, इंडोनेशियन हॉस्पिटल के अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि उत्तरी गाजा पट्टी में जबालिया शरणार्थी शिविर में फलस्तीनी शरणार्थियों के लिए संयुक्त राष्ट्र एजेंसी (यूएनआरडब्ल्यूए) की एक इमारत पर हुए हमले में नौ बच्चों और दो महिलाओं सहित 15 लोग मारे गए।
संयुक्त राष्ट्र एजेंसी की प्रवक्ता ने बताया कि इस इमारत को विस्थापितों के लिए आश्रय शिविर के रूप में तब्दील किया गया था, जिसमें 700 से अधिक लोग रह रहे थे। उन्होंने कहा कि हमले में संयुक्त राष्ट्र का कोई कर्मचारी हताहत नहीं हुआ।
इजराइली सेना ने इस हमले के बारे में कहा कि उसने हमास के एक कमान एवं नियंत्रण केंद्र को निशाना बनाया।
वहीं, नासिर अस्पताल के अधिकारियों ने बताया कि खान यूनिस में इजराइली हमलों में 28 लोगों की जान चली गई, जिनमें पांच महिलाएं और दो बच्चे शामिल हैं। उन्होंने कहा कि मृतक महिलाओं में से एक गर्भवती थी।
एपी पारुल नेत्रपाल
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